BNT Desk: बिहार के सिवान जिले से एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। बुधवार की देर शाम नगर थाना क्षेत्र के ढाला स्थित कमला प्रेस के पास का इलाका गोलियों की तड़तड़ाहट से गूंज उठा। यहाँ कार सवार अज्ञात अपराधियों ने पिता और पुत्र को निशाना बनाते हुए उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। अचानक हुए इस हमले से बाजार में अफरा-तफरी मच गई और लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। अपराधियों ने इस दुस्साहसिक घटना को अंजाम दिया और बड़े आराम से मौके से फरार हो गए।
हर्ष सिंह ने तोड़ा दम, पिता की स्थिति गंभीर
फायरिंग की चपेट में आए पिता-पुत्र लहुलूहान होकर वहीं गिर पड़े। स्थानीय लोगों ने बहादुरी और तत्परता दिखाते हुए दोनों घायलों को तुरंत एंबुलेंस और निजी वाहनों की मदद से सिवान सदर अस्पताल पहुँचाया। अस्पताल पहुँचते ही डॉक्टरों की टीम ने जांच की और पुत्र हर्ष सिंह को मृत घोषित कर दिया। वहीं, पिता चंदन कुमार सिंह की स्थिति बेहद नाजुक बनी हुई थी। डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें बेहतर इलाज और जान बचाने के लिए पटना हायर सेंटर रेफर कर दिया है।
पूर्व MLC मनोज कुमार सिंह के रिश्तेदार हैं पीड़ित
मृतक और घायल की पहचान होते ही जिले के राजनीतिक और सामाजिक गलियारों में हलचल तेज हो गई। मृतक की पहचान हुसैनगंज थाना क्षेत्र के पैगंबरपुर निवासी चंदन कुमार सिंह के पुत्र हर्ष सिंह के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि हर्ष सिंह, पूर्व एमएलसी और कोऑपरेटिव बैंक के अध्यक्ष मनोज कुमार सिंह के सगे भांजे थे (चंदन सिंह उनके बहनोई हैं)। इस हाई-प्रोफाइल रिश्तेदारी के कारण घटना की गंभीरता और भी बढ़ गई है।
पुलिस की कार्रवाई और मौके पर छानबीन
वारदात की खबर मिलते ही सिवान पुलिस प्रशासन सक्रिय हो गया। सदर अस्पताल से लेकर घटनास्थल तक पुलिस छावनी में तब्दील हो गया। सूचना पाकर पुलिस अधीक्षक (SP), सदर एसडीपीओ, नगर थाना अध्यक्ष अविनाश कुमार और मुफस्सिल थाना अध्यक्ष उपेंद्र कुमार सिंह समेत भारी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुँचा। पुलिस ने घटनास्थल से खोखे बरामद किए हैं और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है ताकि अपराधियों की कार और उनके भागने के रास्ते का सुराग मिल सके।
“अपराधी किसी भी कीमत पर बख्शे नहीं जाएंगे। पुलिस की कई टीमें अलग-अलग ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं। जल्द ही मामले का खुलासा कर दिया जाएगा।” — पुलिस विभाग का आधिकारिक रुख
इलाके में तनाव और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
हर्ष सिंह की मौत की खबर जैसे ही उनके पैतृक गाँव पैगंबरपुर और परिजनों तक पहुँची, कोहराम मच गया। घर में चीख-पुकार मची हुई है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। इस घटना ने शहर की कानून व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। सरेराह हुई इस हत्या से स्थानीय व्यवसायियों और आम जनता में काफी रोष और डर का माहौल है। तनाव को देखते हुए संवेदनशील इलाकों में पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है।
सिवान में हुई इस दुस्साहसिक घटना ने एक बार फिर बिहार में अपराधियों के बढ़ते मनोबल की कहानी बयां की है। जहाँ एक तरफ पुलिस अपराधियों को जल्द गिरफ्तार करने का दावा कर रही है, वहीं दूसरी तरफ एक उभरते हुए युवक की जान जाने से पूरा जिला शोक में डूबा है। अब देखना यह है कि पुलिस प्रशासन कितनी जल्दी इन अज्ञात बदमाशों को सलाखों के पीछे पहुँचा पाता है।
शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और रिपोर्ट आने का इंतजार है। शहर के लोग अब केवल न्याय की गुहार लगा रहे हैं।