पटना: छात्रों का उग्र प्रदर्शन; पेपर लीक, रोजगार और शिक्षा व्यवस्था में सुधार समेत कई मांगों को लेकर CM हाउस मार्च, पुलिस ने वाटर कैनन से रोका

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BNT Desk: पेपर लीक, भर्ती परीक्षाओं में अनियमितता, रोजगार और शिक्षा व्यवस्था में सुधार समेत विभिन्न मांगों को लेकर मंगलवार को राजधानी पटना में छात्रों का प्रदर्शन उग्र हो गया। पटना विश्वविद्यालय से जुड़े करीब 15 छात्र संगठनों के बैनर तले बड़ी संख्या में छात्र जेपी गोलंबर से मुख्यमंत्री आवास की ओर मार्च के लिए निकले। हालांकि पुलिस ने पहले से ही बैरिकेडिंग कर उन्हें रोकने की व्यवस्था कर रखी थी। प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने बैरिकेडिंग तोड़ दी और आगे बढ़ने की कोशिश की। इसके बाद पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की हुई, जिससे कुछ देर के लिए इलाके में तनाव का माहौल बन गया।

 

वाटर कैनन का किया गया इस्तेमाल

जेपी गोलंबर से शुरू हुआ प्रदर्शन इनकम टैक्स गोलंबर होते हुए डाकबंगला चौराहे तक पहुंच गया। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए वाटर कैनन का इस्तेमाल किया। पानी की तेज बौछार के बाद कई छात्र सड़क पर बैठ गए और वहीं विरोध प्रदर्शन करने लगे। पुलिसकर्मियों ने प्रदर्शनकारियों को सड़क से हटाकर किनारे किया और उन्हें मुख्यमंत्री आवास की ओर बढ़ने से रोक दिया। कुछ देर तक मौके पर तनाव की स्थिति बनी रही, लेकिन पुलिस ने हालात पर नियंत्रण बनाए रखा।

 

पूरे इलाके को बनाया गया पुलिस छावनी

संभावित हंगामे को देखते हुए गांधी मैदान थाना क्षेत्र सहित पूरे इलाके में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। जेपी गोलंबर, इनकम टैक्स चौराहा, डाकबंगला और मुख्यमंत्री आवास की ओर जाने वाले सभी प्रमुख मार्गों पर भारी संख्या में पुलिस बल, महिला पुलिसकर्मी और दंगा नियंत्रण बल तैनात किए गए। इसके अलावा वाटर कैनन और अन्य सुरक्षा संसाधनों को भी मौके पर पहले से तैयार रखा गया था, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।

 

छात्रों ने रखीं कई प्रमुख मांगें

प्रदर्शन में शामिल छात्र संगठनों ने राज्य सरकार के सामने कई मांगें रखीं। इनमें भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं पर रोक लगाने, पेपर लीक मामलों की निष्पक्ष जांच कराने, छात्र आंदोलनों के दौरान दर्ज मामलों को वापस लेने, शिक्षा व्यवस्था में सुधार और युवाओं के लिए रोजगार उपलब्ध कराने की मांग प्रमुख रही। इसके अलावा प्रदर्शनकारियों ने सीवान में हाल के छात्र आंदोलन के दौरान गोली लगने से घायल छात्र को मुआवजा देने, गिरफ्तार छात्रों की रिहाई और गोलीबारी के मामले में दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की भी मांग की।

 

कांग्रेस नेताओं और पप्पू यादव का मिला समर्थन

प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस के बिहार प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम भी छात्रों के समर्थन में पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शनकारियों के साथ बैरिकेडिंग पर चढ़कर राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और उनकी मांगों का समर्थन किया। वहीं, सांसद पप्पू यादव ने भी छात्र आंदोलन का समर्थन करते हुए पेपर लीक और बेरोजगारी के मुद्दे पर केंद्र सरकार को घेरा। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से इन मुद्दों पर नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देने की मांग की।

 

पुलिस ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने की अपील की

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन करना सभी नागरिकों का लोकतांत्रिक अधिकार है, लेकिन कानून-व्यवस्था भंग करने, बैरिकेडिंग तोड़ने या हिंसक गतिविधियों की अनुमति नहीं दी जा सकती। अधिकारियों ने बताया कि स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और पूरे इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।

फिलहाल प्रदर्शनकारी डाकबंगला चौराहे तक पहुंच चुके हैं, जहां पुलिस ने उन्हें आगे बढ़ने से रोक दिया है। मौके पर तनावपूर्ण लेकिन नियंत्रण की स्थिति बनी हुई है। पुलिस और प्रशासन लगातार हालात की निगरानी कर रहे हैं और किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।

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