BNT Desk: पटना के चर्चित बंटी हत्याकांड में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी रविश उर्फ बीसी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के मुताबिक गिरफ्तारी के दौरान रविश ने पुलिस टीम पर हमला कर दिया। इसके बाद हुई मुठभेड़ में उसके दाहिने पैर में गोली लगी। घायल हालत में उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है।
6 जुलाई को हुआ था बंटी का अपहरण
पुलिस की जांच के अनुसार 6 जुलाई को रविश और उसके साथियों ने बंटी का पटना जंक्शन के पास से अपहरण किया था। अपहरण के बाद उसकी हत्या कर दी गई। घटना के बाद कई दिनों तक बंटी की तलाश की गई, लेकिन करीब एक सप्ताह बाद उसका शव बरामद हुआ। इस घटना के बाद पूरे शहर में सनसनी फैल गई थी।
परिवार ने पहले ही लगाया था आरोप
बंटी के परिवार ने शुरुआत से ही रविश उर्फ बीसी पर हत्या का आरोप लगाया था। परिवार ने पुलिस को दिए गए बयान में रविश को नामजद आरोपी बताया था। इसके बाद पुलिस लगातार उसकी तलाश में कई जगहों पर छापेमारी कर रही थी।
ठिकाने पर पहुंची पुलिस, हुआ हमला
पुलिस का कहना है कि बुधवार सुबह उसे रविश के ठिकाने की जानकारी मिली। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची। पुलिस के अनुसार, जैसे ही टीम ने रविश को पकड़ने की कोशिश की, उसने गिरफ्तारी से बचने के लिए पुलिस पर हमला कर दिया।
जवाबी कार्रवाई में पैर में लगी गोली
पुलिस के मुताबिक आरोपी के हमले के बाद जवाबी कार्रवाई करनी पड़ी। इसी दौरान हुई गोलीबारी में रविश के दाहिने पैर में गोली लगी। घायल होने के बाद पुलिस ने उसे मौके पर ही गिरफ्तार कर लिया और इलाज के लिए अस्पताल भेज दिया।
अवैध धंधों से जुड़ा होने का आरोप
जांच एजेंसियों के अनुसार रविश उर्फ बीसी का नाम पहले भी कई आपराधिक मामलों में सामने आ चुका है। पुलिस का दावा है कि वह पटना जंक्शन के आसपास अवैध शराब और देह व्यापार के धंधे से जुड़ा हुआ है। पुलिस अब उसके पूरे नेटवर्क की भी जांच कर रही है।
अन्य आरोपियों की तलाश जारी
बंटी हत्याकांड में पहले भी कई आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। पुलिस का कहना है कि इस मामले में शामिल बाकी आरोपियों की तलाश के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। जांच टीम हर पहलू की जांच कर रही है ताकि पूरी साजिश का खुलासा किया जा सके।
पूछताछ से हो सकते हैं बड़े खुलासे
पुलिस का मानना है कि रविश से पूछताछ के दौरान इस हत्याकांड से जुड़े कई अहम राज सामने आ सकते हैं। अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ के आधार पर अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी और पूरे नेटवर्क का खुलासा होने की उम्मीद है।