BNT Desk: खगड़िया के एसपी भानु प्रताप सिंह की पत्नी पूजा का एक बातचीत के दौरान दर्द छलक पड़ा। उन्होंने कहा कि उन्हें न किसी से लड़ाई करनी है और न ही पैसे या किसी दूसरी चीज की जरूरत है। उनकी सिर्फ यही इच्छा है कि वह अपने पति और बच्चों के साथ शांति से रह सकें और अपनी बेटी से बात कर सकें। पूजा ने बातचीत में दावा किया कि वह अपनी बेटी से बात करने के लिए लगातार कह रही हैं, लेकिन उन्हें बेटी से बात नहीं करने दी जा रही है।
डॉक्टरों ने की जांच, स्वास्थ्य में थोड़ा सुधार
पूजा ने बताया कि उनकी तबीयत खराब होने के बाद डॉक्टरों ने आकर उनकी जांच की। डॉक्टरों ने उनका ब्लड प्रेशर और शुगर चेक किया और उन्हें चिंता नहीं करने की सलाह दी। पूजा के मुताबिक, डॉक्टरों ने यह भी कहा कि उनकी बेटी उनसे मिलने आएगी। हालांकि, बेटी से बातचीत नहीं हो पाने को लेकर वह काफी परेशान नजर आईं।
उन्होंने कहा कि उनकी तबीयत में पहले की तुलना में कुछ सुधार हुआ है, लेकिन बेटी से बात नहीं होने का दुख लगातार बना हुआ है। उन्होंने बताया कि वह कमजोरी की स्थिति में हैं और फिलहाल ओआरएस और फल आदि ले रही हैं।
‘मुझे पैसे नहीं चाहिए, बस परिवार के साथ रहना है’
बातचीत के दौरान पूजा ने बार-बार कहा कि वह किसी के खिलाफ लड़ाई नहीं चाहतीं। उनका कहना था कि उन्हें न पैसे चाहिए और न ही किसी तरह का विवाद करना है। वह केवल अपने पति और बच्चों के साथ शांतिपूर्ण जीवन जीना चाहती हैं।
उन्होंने कहा कि उनकी सबसे बड़ी परेशानी बेटी से बात नहीं कर पाना है। पूजा के मुताबिक, उन्होंने मैसेज के जरिए भी अनुरोध किया कि उन्हें बेटी से बात करने दी जाए, लेकिन ऐसा नहीं हो पा रहा है।
बेटी मां को याद कर रोती है- पूजा का दावा
पूजा ने बातचीत में बताया कि उनकी बेटी उन्हें याद करती है और उनके बारे में पूछती है। उन्होंने कहा कि संभव है कि बच्ची के रोने की वजह से भी उसे उनसे बात नहीं कराई जा रही हो। पूजा ने यह भी बताया कि बेटी ने उनसे स्कूल को लेकर बात की थी और परिवार की ओर से उसे नए स्कूल में दाखिला दिलाने की बात कही गई थी।
पूजा के अनुसार, वह अपनी बेटी से भावनात्मक रूप से काफी जुड़ी हुई हैं और लंबे समय तक उससे अलग रहना उनके लिए मुश्किल है। यही वजह है कि वह लगातार अपनी बेटी से बातचीत कराने की अपील कर रही हैं।
पति को समय नहीं देने को लेकर था तनाव
पूजा ने बातचीत में अपने पति और परिवार के बीच चल रही परिस्थितियों को लेकर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि उनकी शिकायत मुख्य रूप से इस बात को लेकर थी कि उनके पति काम और चुनाव से जुड़ी व्यस्तताओं के कारण सुबह से शाम तक उन्हें पर्याप्त समय नहीं दे पा रहे थे।
पूजा का कहना था कि पत्नी और बच्चे पूरे दिन पति और पिता का इंतजार करते हैं। ऐसे में परिवार के लिए एक-दूसरे को समय देना जरूरी है। उन्होंने बताया कि चुनाव के दौरान वह तनाव में थीं और इसी दौरान अलग रहने की बात भी सामने आई थी।
उनके मुताबिक, किसी व्यक्ति की ओर से उन्हें और उनके पति को कुछ समय के लिए अलग रहने की सलाह दी गई थी। लेकिन पूजा ने इसका विरोध किया, क्योंकि उनका कहना था कि वह अपने पति से अलग होकर नहीं रह सकतीं।
आवास में धक्का देने की बात कही
मारपीट से जुड़े सवाल पर पूजा ने बातचीत में कहा कि कोई बड़ी मारपीट नहीं हुई थी। हालांकि, उन्होंने यह आरोप लगाया कि आवास में प्रवेश करने के दौरान उन्हें धक्का दिया गया था। उन्होंने घटना को लेकर इससे ज्यादा गंभीर शारीरिक चोट की बात नहीं कही।
पूजा फिलहाल अपनी कमजोरी और बेटी से बात नहीं कर पाने को लेकर परेशान हैं। उन्होंने बातचीत के दौरान अधिकारियों और वरिष्ठ लोगों से भी अनुरोध किया कि किसी तरह उनकी बेटी से उनकी बात करा दी जाए।
‘मुझे सिर्फ बेटी से बात करनी है’
पूजा ने कहा कि वह किसी से बदला नहीं लेना चाहतीं और न ही किसी तरह का विवाद बढ़ाना चाहती हैं। उनकी प्राथमिकता केवल अपनी बेटी से बात करना और परिवार के साथ शांतिपूर्ण तरीके से रहना है।
उन्होंने कहा कि बेटी उनकी जिंदगी का अहम हिस्सा है और उससे बातचीत नहीं हो पाने की वजह से उनकी परेशानी बढ़ रही है। बातचीत के अंत में भी उन्होंने यही अपील की कि उन्हें उनकी बेटी से बात करने का मौका दिया जाए।