बिहार में बढ़ते अपराध पर घमासान: राबड़ी देवी ने मांगा गृह मंत्री का इस्तीफा

बिहार में बढ़ती हत्या और बलात्कार की घटनाओं के विरोध में नेता प्रतिपक्ष राबड़ी देवी ने आरजेडी पार्षदों के साथ विधान परिषद में जोरदार प्रदर्शन किया। उन्होंने कानून-व्यवस्था को विफल बताते हुए गृह मंत्री सम्राट चौधरी से उनके पुराने वादे के मुताबिक तुरंत इस्तीफे की मांग की है।

BNT
By
3 Min Read

BNT Desk: बिहार में बढ़ते अपराध, हत्या और बलात्कार की घटनाओं ने अब राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। सोमवार को बिहार विधान परिषद के बाहर विपक्ष ने जमकर बवाल काटा। पूर्व मुख्यमंत्री और विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष राबड़ी देवी के नेतृत्व में आरजेडी (RJD) के तमाम पार्षदों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने सरकार विरोधी नारे लगाए और राज्य की कानून व्यवस्था को पूरी तरह फेल बताया।

क्या है पूरा मामला?

बिहार में पिछले कुछ दिनों से अपराध के आंकड़ों में तेजी देखी गई है। आए दिन हो रही हत्या और महिलाओं के साथ बढ़ती बदसलूकी की घटनाओं को लेकर विपक्ष हमलावर है। इसी मुद्दे पर अपनी बात रखने के लिए राबड़ी देवी और आरजेडी के विधान पार्षद हाथों में तख्तियां लेकर विधान परिषद पहुंचे। उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार में अब कोई भी सुरक्षित नहीं है और अपराधी बेखौफ होकर वारदातों को अंजाम दे रहे हैं।

सम्राट चौधरी पर राबड़ी देवी का तीखा हमला

प्रदर्शन के दौरान मीडिया से बात करते हुए राबड़ी देवी ने सीधे तौर पर बिहार के गृह मंत्री सम्राट चौधरी को निशाने पर लिया। उन्होंने उनके पुराने बयानों की याद दिलाते हुए कहा, “सम्राट चौधरी ने वादा किया था कि अगर राज्य में कोई भी बड़ी घटना होगी, तो वे अपने पद से इस्तीफा दे देंगे। आज बिहार में हजारों आपराधिक घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन वे अपनी कुर्सी पर चिपके हुए हैं।” राबड़ी देवी ने दो टूक शब्दों में मांग की कि नैतिकता के आधार पर गृह मंत्री को तुरंत इस्तीफा दे देना चाहिए।

सरकार से पूछे तीखे सवाल

विपक्ष का कहना है कि सरकार सिर्फ दावों में व्यस्त है, जबकि जमीन पर जनता डर के साये में जी रही है। प्रदर्शनकारी पार्षदों ने पूछा कि आखिर कब तक बिहार की बेटियां और आम नागरिक असुरक्षित रहेंगे? आरजेडी का कहना है कि जब तक सरकार अपराध पर लगाम लगाने के लिए ठोस कदम नहीं उठाती और गृह मंत्री अपनी जिम्मेदारी नहीं स्वीकारते, तब तक उनका यह विरोध प्रदर्शन सड़क से सदन तक जारी रहेगा।

आगे क्या होगा?

इस जोरदार प्रदर्शन के बाद सदन के अंदर भी हंगामे के आसार बढ़ गए हैं। अब देखना यह है कि विपक्ष के इन गंभीर आरोपों और इस्तीफे की मांग पर सरकार की तरफ से क्या सफाई आती है। क्या वाकई गृह मंत्री इस दबाव में कोई बड़ा फैसला लेंगे या फिर आरोप-प्रत्यारोप का यह दौर यूं ही चलता रहेगा? बिहार की जनता फिलहाल शांति और सुरक्षा की उम्मीद लगाए बैठी है।

Share This Article