BNT Desk: पटना में NEET की तैयारी कर रही जहानाबाद की छात्रा की मौत के बाद बिहार की राजनीति गरमा गई है। छात्रा को हॉस्टल में बेहोश हालत में पाया गया था और इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। परिवार ने यौन उत्पीड़न और सच्चाई छिपाने के आरोप लगाए थे। बाद में मामले की जांच पहले पुलिस और SIT ने की और फिर इसे CBI को सौंप दिया गया। इस मामले को लेकर विपक्ष लगातार सरकार पर सवाल उठा रहा है और कानून-व्यवस्था पर निशाना साध रहा है।
राबड़ी देवी का आरोप
पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने आरोप लगाया कि सरकार और पुलिस इस मामले में तथ्य छिपाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने यह भी कहा कि दोषियों में सरकार से जुड़े लोग या मंत्री अथवा मंत्री के बेटे शामिल हो सकते हैं। राबड़ी देवी ने दावा किया कि सरकार CBI जांच कराने से पहले सच्चाई दबाने की कोशिश कर रही थी और राज्य में कानून व्यवस्था कमजोर हो चुकी है।
सम्राट चौधरी का पलटवार
उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राबड़ी देवी के बयान पर कड़ा जवाब दिया। उन्होंने कहा कि यदि किसी मंत्री या मंत्री के बेटे की संलिप्तता का सबूत है तो उसे सार्वजनिक किया जाए। उन्होंने कहा कि नाम और सबूत देने पर 24 घंटे के अंदर कार्रवाई की जाएगी। सम्राट चौधरी ने यह भी कहा कि अगर विपक्ष सबूत नहीं दे रहा है तो इसका मतलब है कि वे साक्ष्य छिपा रहे हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि दोषी कोई भी हो, उसे बख्शा नहीं जाएगा।
सरकार का पक्ष और कार्रवाई
सरकार का कहना है कि निष्पक्ष जांच के लिए CBI जांच कराई गई है और सरकार जांच में हस्तक्षेप नहीं करेगी। वहीं सरकार बेटियों की सुरक्षा को लेकर सख्त कदम उठाने की बात भी कह रही है।
पीड़ित परिवार से मुलाकात
सरकार की ओर से उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की। सरकार ने भरोसा दिलाया कि न्याय दिलाने में कोई कमी नहीं छोड़ी जाएगी।