BNT Desk: बिहार की सियासत में एक बार फिर जुबानी जंग तेज हो गई है। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और विजय कुमार सिन्हा ने राजद (RJD) सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और उनके बेटे तेजस्वी यादव को आड़े हाथों लिया है। सम्राट चौधरी ने तंज कसते हुए कहा कि राजद में लोकतंत्र नाम की कोई चीज़ नहीं है, वहाँ सिर्फ ‘पुत्र मोह’ चलता है। वहीं, विजय सिन्हा ने तेजस्वी यादव को संवैधानिक मर्यादा में रहने की नसीहत दे डाली है।
“बेटे के प्यार में राजद को बना दिया प्राइवेट लिमिटेड कंपनी”
उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बड़ा बयान देते हुए कहा कि बिहार की जनता ने तो राजद को चुनाव में हरा दिया, लेकिन लालू यादव का अपने बेटे के प्रति प्रेम इतना गहरा था कि उन्होंने तेजस्वी को पार्टी का कार्यकारी अध्यक्ष बना दिया। चौधरी ने सीधे शब्दों में कहा, “जो लोग राजद में गुलामी करने बैठे हैं, वे करते रहें। वहाँ कोई लोकतंत्र नहीं है।” उन्होंने आगे कहा कि जनता ने राजद को उसकी सही जगह (25 सीटों पर) दिखा दी है, फिर भी परिवारवाद खत्म होने का नाम नहीं ले रहा।
अपराधियों में बिहार पुलिस का खौफ: सम्राट चौधरी
बिहार की कानून व्यवस्था पर उठ रहे सवालों का जवाब देते हुए सम्राट चौधरी ने एक दिलचस्प उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि बिहार की पुलिस का डर अब सिर्फ राज्य तक सीमित नहीं है। बेंगलुरु में भी अपराधियों के अंदर बिहार पुलिस का ऐसा खौफ है कि उन्हें कैमरे पर गिड़गिड़ाना पड़ रहा है। चौधरी के मुताबिक, राज्य में लॉ एंड ऑर्डर पूरी तरह दुरुस्त है और अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा।
“मानसिक रूप से अस्वस्थ हैं तेजस्वी यादव”: विजय सिन्हा
दूसरी ओर, उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर हमला बोलते हुए कहा कि उन्हें संवैधानिक पद की गरिमा का ख्याल रखना चाहिए। सिन्हा ने तंज कसा कि जब तेजस्वी शारीरिक रूप से अस्वस्थ थे, तो उन्हें सदन में बैठकर बोलने की इजाजत दी गई थी, लेकिन अब वो ‘मानसिक रूप से अस्वस्थ’ हो गए हैं, जिसका इलाज बिहार की जनता ने चुनाव में कर दिया है। उन्होंने कहा कि तेजस्वी को न संविधान पर भरोसा है और न ही लोकतांत्रिक संस्थाओं पर।
नीट छात्रा की मौत और महिला सम्मान पर घेरा
नीट छात्रा की मौत के मामले पर बोलते हुए विजय सिन्हा ने कहा कि हमारी सरकार महिला सशक्तिकरण और उनके सम्मान के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने विपक्षी नेताओं पर कटाक्ष करते हुए कहा कि महिला सम्मान की बातें वो लोग कर रहे हैं, जिनके अपने घर में ही महिलाओं का सम्मान नहीं होता। उन्होंने साफ किया कि बिहार सरकार बेटियों की सुरक्षा और न्याय के लिए कोई कसर नहीं छोड़ेगी।