BNT Desk: पटना जंक्शन पर बढ़ती भीड़ और दबाव को कम करने के लिए रेलवे ने मसौढ़ी और बाढ़ रेलवे स्टेशन को अपग्रेड करने का फैसला लिया है। दोनों स्टेशनों की री-मॉडलिंग का काम शुरू हो गया है। इसका लक्ष्य है कि छोटे स्टेशनों को भी बड़े जंक्शन की तरह आधुनिक सुविधा दी जाए।
दिसंबर 2026 तक बड़े बदलाव
दिसंबर 2026 तक मसौढ़ी और बाढ़ स्टेशनों में बड़े बदलाव दिखाई देंगे। रेलवे के मुताबिक इन दोनों स्टेशनों पर एसी वेटिंग हॉल, नई स्टेशन बिल्डिंग, बड़ी पार्किंग, नया फुटओवर ब्रिज, एस्कलेटर और लिफ्ट जैसी आधुनिक सुविधाएँ उपलब्ध होंगी। इसके साथ ही प्लेटफॉर्म को साफ-सुथरा बनाया जाएगा और पूरे स्टेशन परिसर में बेहतर रोशनी और आधुनिक संकेतक लगाए जाएंगे। इन सुधारों के बाद यात्रियों को यहां बड़े जंक्शन जैसी सुविधा और आराम मिलेगा।
अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत विकास
ये दोनों स्टेशन अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत विकसित किए जा रहे हैं। इस योजना का उद्देश्य देश के छोटे स्टेशनों को आधुनिक बनाना है ताकि यात्रियों को बेहतर अनुभव मिल सके। रेलवे इन स्टेशनों पर यात्री सुविधा, सुरक्षा और सुगमता बढ़ाने पर विशेष ध्यान दे रहा है।
पटना जंक्शन पर भी व्यवस्था सुधार
इसी बीच, पटना जंक्शन क्षेत्र में भीड़ कम करने के लिए दुकानों को हटाने का काम चल रहा है। इससे जंक्शन के आसपास का ट्रैफिक नियंत्रण में आएगा और यात्रियों को आने-जाने में आसानी होगी। रेलवे का लक्ष्य है कि पटना जंक्शन पर अनावश्यक भीड़ घटाई जाए और यात्रियों को सुगम सुविधा मिले।
यात्रियों को मिलेगा बड़ा लाभ
री-मॉडलिंग के बाद मसौढ़ी और बाढ़ स्टेशन पर ट्रेनों का ठहराव बढ़ाने की भी संभावना है। इससे पटना जंक्शन का दबाव कम होगा और यात्रियों को विकल्प के तौर पर सुविधाजनक स्टेशन मिल सकेंगे।यह पूरा प्रोजेक्ट आने वाले वर्षों में पटना और आसपास के रेलवे नेटवर्क को और बेहतर बनाने वाला है।