दरभंगा: झूठे केस से परेशान युवक चढ़ा मोबाइल टावर पर, 5 घंटे तक ‘शोले’ जैसा ड्रामा

BiharNewsAuthor
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BNT Desk: बिहार के दरभंगा जिले के बहेड़ी थाना क्षेत्र स्थित हावीडीह गांव में गुरुवार को भारी हड़कंप मच गया। एक 28 वर्षीय युवक खुद को झूठे मुकदमे में फंसाए जाने और पारिवारिक जमीन विवाद से तंग आकर गांव के ऊंचे मोबाइल टावर पर चढ़ गया। देखते ही देखते यह मामला एक ‘हाई वोल्टेज ड्रामे’ में तब्दील हो गया, जिसने पुलिस और स्थानीय प्रशासन को घंटों तक छकाया।

इंसाफ की मांग और टावर का शिखर

युवक की पहचान हावीडीह निवासी अमरजीत यादव के रूप में हुई है। वह अपने साथ हो रहे कथित अन्याय के खिलाफ विरोध जताने के लिए टावर की सबसे ऊपरी ऊंचाई पर जा बैठा। ऊपर से वह चिल्ला-चिल्लाकर उन लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहा था, जिन्होंने उसे साजिश के तहत फंसाने का आरोप लगाया था।

प्रशासन के छूटे पसीने, गुरु ने संभाला मोर्चा

घटना की सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष सूरज कुमार गुप्ता और अंचलाधिकारी धनश्री बाला दल-बल के साथ मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने लाउडस्पीकर के जरिए युवक को समझाने की बहुत कोशिश की, लेकिन अमरजीत नीचे उतरने को तैयार नहीं था।

जब प्रशासन की बात नहीं बनी, तो स्थानीय लोगों की सलाह पर युवक के गुरु जटाशंकर झा उर्फ ‘दुखी’ को बुलाया गया। गुरु ने माइक संभाला और अपने शिष्य को स्नेह और भरोसे के साथ पुकारा। उन्होंने आश्वासन दिया कि उसकी हर समस्या का कानूनी समाधान निकाला जाएगा। गुरु की आवाज सुनते ही युवक का गुस्सा शांत हुआ और वह धीरे-धीरे टावर से नीचे उतर आया।

5 घंटे बाद खत्म हुआ तनाव

अमरजीत के नीचे उतरते ही पुलिस और वहां मौजूद सैकड़ों ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। नीचे आने के बाद:

  • मेडिकल चेकअप: युवक को तुरंत बहेड़ी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया ताकि उसकी शारीरिक स्थिति की जांच की जा सके।

  • पूछताछ: प्राथमिक उपचार के बाद पुलिस उसे थाने ले गई, जहां उसने बताया कि जमीन विवाद के कारण वह गहरे मानसिक तनाव में था।

  • कार्रवाई का भरोसा: प्रशासन ने युवक से उसकी शिकायतों पर लिखित आवेदन लिया है और मामले की निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया है।

प्रशासन की नसीहत

पूछताछ के बाद पुलिस ने युवक से पीआर बांड भरवाया और उसे परिजनों के हवाले कर घर भेज दिया। अधिकारियों ने ग्रामीणों से अपील की है कि किसी भी विवाद या समस्या के समाधान के लिए कानून का सहारा लें और अपनी जान जोखिम में डालने वाला ऐसा कोई भी कदम न उठाएं।

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