1 तारीख को जारी हो सकते हैं गैस सिलेंडर के नए दाम: LPG सिलेंडर की कीमतों और बुकिंग नियमों में बड़े बदलाव

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BNT Desk: मई महीने की शुरुआत के साथ ही आम आदमी की रसोई और बजट से जुड़ी बड़ी खबरें सामने आ रही हैं। हर महीने की पहली तारीख की तरह, 1 मई 2026 को भी एलपीजी (LPG) सिलेंडर की कीमतों में संशोधन की प्रबल संभावना है। पेट्रोलियम कंपनियां अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों की समीक्षा के बाद घरेलू और कमर्शियल गैस सिलेंडरों के नए दाम जारी कर सकती हैं। वैश्विक उथल-पुथल और मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच यह कयास लगाए जा रहे हैं कि इस बार सिलेंडर की कीमतों और बुकिंग प्रक्रिया में कुछ कड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं।

गैस सिलेंडर बुकिंग के बदलेंगे नियम

मई 2026 से देशभर में LPG गैस सिलेंडर की बुकिंग और डिलीवरी की प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी और सख्त बनाने की तैयारी है। इंडियन ऑयल, बीपीसीएल (BPCL) और एचपीसीएल (HPCL) जैसी तेल विपणन कंपनियां डिलीवरी सिस्टम को डिजिटल रूप से और अधिक सुरक्षित बनाना चाहती हैं। रिपोर्टों के मुताबिक, गैस आपूर्ति को लेकर नई रणनीति अपनाई जा रही है ताकि कालाबाजारी पर रोक लगाई जा सके और सही उपभोक्ता तक सिलेंडर समय पर पहुँचे। मई में इस संबंध में आधिकारिक गाइडलाइंस जारी होने की उम्मीद है।

क्या सस्ता होगा सिलेंडर?

मई की पहली तारीख को सबकी नजरें कीमतों पर टिकी होंगी। हालिया रुझानों पर गौर करें तो:

  • घरेलू सिलेंडर (14.2 KG): पिछले कुछ महीनों में इसमें करीब 60 रुपये तक की बढ़ोतरी देखी गई है।

  • कमर्शियल सिलेंडर (19 KG): अप्रैल 2026 में ही कमर्शियल गैस की कीमतों में 196 से 218 रुपये तक का उछाल आया था।

    वैश्विक ऊर्जा संकट को देखते हुए विशेषज्ञ मान रहे हैं कि कमर्शियल गैस की कीमतों में और वृद्धि हो सकती है, जबकि घरेलू सिलेंडर के दामों को स्थिर रखने या मामूली बदलाव की संभावना है।

OTP आधारित डिलीवरी सिस्टम होगा अनिवार्य

सुरक्षा और पारदर्शिता को ध्यान में रखते हुए अब OTP (One Time Password) आधारित सत्यापन प्रणाली को स्थायी रूप से लागू किया जा सकता है। वर्तमान में करीब 94% डिलीवरी इसी माध्यम से हो रही है, जिसे अब 100% करने का लक्ष्य है। इसका मतलब है कि जब तक आप डिलीवरी बॉय को अपने पंजीकृत मोबाइल पर आया OTP नहीं बताएंगे, आपकी डिलीवरी पूरी नहीं मानी जाएगी।

इसके अलावा, ‘लॉक-इन पीरियड’ में भी बदलाव की चर्चा है। वर्तमान में एक सिलेंडर बुक करने के बाद दूसरे बुकिंग के बीच 25 दिनों का अंतराल (शहरी क्षेत्रों में) अनिवार्य है, जिसे सरकार स्थितियों के अनुसार घटा या बढ़ा सकती है।

उज्ज्वला लाभार्थियों और प्रवासी मजदूरों के लिए विशेष निर्देश

सरकार ने प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (PMUY) के लाभार्थियों के लिए आधार आधारित eKYC को पूरी तरह अनिवार्य कर दिया है। जिन उपभोक्ताओं ने अभी तक अपनी eKYC प्रक्रिया पूरी नहीं की है, उनका कनेक्शन रद्द होने या सब्सिडी रुकने का खतरा है।

वहीं, प्रवासी मजदूरों की सहूलियत के लिए 5 किलोग्राम वाले FTL (फ्री ट्रेड एलपीजी) सिलेंडर की आपूर्ति को दोगुना कर दिया गया है, ताकि वे बिना निवास प्रमाण पत्र के झंझट के आसानी से गैस प्राप्त कर सकें।

प्राथमिकता के आधार पर सप्लाई और PNG को बढ़ावा

पेट्रोलियम मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि कमर्शियल गैस की आपूर्ति में अस्पतालों, स्कूलों, फार्मा कंपनियों और कृषि क्षेत्रों को प्राथमिकता दी जाएगी। इसके साथ ही सरकार बड़े शहरों में पाइप वाली प्राकृतिक गैस (PNG) को बढ़ावा देने पर जोर दे रही है। नियमों के अनुसार:

  1. PNG उपयोगकर्ताओं को अब नया LPG कनेक्शन लेने पर रोक रहेगी।

  2. निर्धारित समय सीमा में आवश्यक औपचारिकताएं पूरी नहीं करने पर मौजूदा LPG कनेक्शन भी बंद किया जा सकता है।

कुल मिलाकर, मई 2026 का महीना LPG उपभोक्ताओं के लिए काफी महत्वपूर्ण रहने वाला है। एक तरफ जहाँ कीमतों का बोझ जेब पर पड़ सकता है, वहीं दूसरी तरफ डिजिटल सत्यापन और eKYC जैसे नियम उपभोक्ताओं को लंबी अवधि में सुरक्षा और बेहतर सेवा प्रदान करेंगे। उपभोक्ताओं को सलाह दी जाती है कि वे समय रहते अपनी eKYC पूरी कर लें और आधिकारिक मोबाइल एप्स के जरिए ही बुकिंग करें।

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