BNT Desk: पटना के अगमकुआं थाना क्षेत्र में पुलिस की कार्रवाई के दौरान बम मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। शीतला माता मंदिर ओवरब्रिज के नीचे पुलिस ने छापेमारी कर दो संदिग्धों को गिरफ्तार किया है। तलाशी के दौरान दोनों के पास से पांच जिंदा कारतूस और हैंड ग्रेनेड जैसी दिखने वाली एक संदिग्ध वस्तु बरामद होने की बात सामने आई है। संदिग्ध वस्तु मिलने के बाद पुलिस ने तत्काल बम निरोधक दस्ते को मौके पर बुलाया।
बॉम्ब स्क्वाड की जांच के बाद संदिग्ध वस्तु को बम बताया गया और उसे सुरक्षित तरीके से कब्जे में ले लिया गया। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी गई। फिलहाल गिरफ्तार दोनों संदिग्धों से पूछताछ की जा रही है और पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि उनके पास हथियार और विस्फोटक जैसी वस्तु कहां से आई।
हथियार और कारतूस की खरीद-बिक्री की मिली थी सूचना
पुलिस के मुताबिक, शीतला माता मंदिर के पास दो लोगों द्वारा हथियार और कारतूस की खरीद-बिक्री किए जाने की सूचना मिली थी। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करने के बजाय पहले इसकी सत्यता की जांच की। पुलिस टीम ने सूचना का सत्यापन करने के बाद एक विशेष टीम का गठन किया। इसके बाद शीतला माता मंदिर ओवरब्रिज के नीचे बताए गए स्थान पर छापेमारी की गई। छापेमारी के दौरान पुलिस ने दो संदिग्धों को पकड़ लिया। पुलिस ने दोनों की तलाशी ली तो उनके पास से पांच जिंदा कारतूस बरामद हुए। इसके अलावा एक ऐसी संदिग्ध वस्तु मिली, जो देखने में हैंड ग्रेनेड जैसी लग रही थी।
संदिग्ध वस्तु मिलने से मचा हड़कंप
तलाशी के दौरान संदिग्ध वस्तु मिलने के बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया। क्योंकि वस्तु देखने में हैंड ग्रेनेड जैसी थी, इसलिए पुलिस ने मौके पर बम निरोधक दस्ते को बुलाया। बॉम्ब स्क्वाड की टीम ने मौके पर पहुंचकर संदिग्ध वस्तु की जांच की। जांच के बाद टीम ने उसे बम बताया और उसे सुरक्षित कब्जे में ले लिया। बम मिलने की जानकारी सामने आने के बाद इलाके में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। पुलिस ने एहतियात के तौर पर पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए जरूरी सुरक्षा प्रक्रिया अपनाई। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि बरामद बम किस प्रकार का था, उसकी क्षमता कितनी थी या वह किस स्थिति में था। इस संबंध में आगे की तकनीकी जांच से जानकारी सामने आने की उम्मीद है।
दो संदिग्ध पुलिस की गिरफ्त में
छापेमारी के दौरान पुलिस के हाथ लगे दोनों संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि वे हथियार और कारतूस की कथित खरीद-बिक्री में किस तरह शामिल थे। जांच का एक अहम हिस्सा यह भी है कि बरामद बम और कारतूस उन्हें कहां से मिले। पुलिस संभावित सप्लायर और हथियारों के नेटवर्क के बारे में भी जानकारी जुटा सकती है। दोनों आरोपियों से पूछताछ के आधार पर पुलिस आगे की कार्रवाई करेगी। फिलहाल पुलिस ने उनकी भूमिका और बरामद सामान के संबंध में विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की है।
पुलिस को पहले से थी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी
इस पूरे मामले में पुलिस को पहले से ही शीतला माता मंदिर के आसपास संदिग्ध गतिविधि की सूचना मिली थी। बताया गया कि दो लोग हथियार और कारतूस की खरीद-बिक्री कर रहे हैं। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने पहले इसकी पुष्टि की और इसके बाद टीम बनाकर कार्रवाई की। इससे पता चलता है कि छापेमारी अचानक नहीं की गई, बल्कि पहले सूचना का सत्यापन किया गया और फिर मौके पर कार्रवाई की गई। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि गिरफ्तार दोनों संदिग्ध पहले से किसी आपराधिक मामले में शामिल रहे हैं या नहीं। उनके पुराने रिकॉर्ड की जानकारी भी जांच का हिस्सा हो सकती है।
बरामद सामान की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस के सामने अब सबसे बड़ा सवाल बरामद बम और पांच जिंदा कारतूस के स्रोत को लेकर है। पूछताछ के जरिए यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि दोनों संदिग्धों को यह सामान किसने उपलब्ध कराया था। साथ ही यह भी जांच की जाएगी कि क्या दोनों केवल सामान की खरीद-बिक्री में शामिल थे या किसी बड़े नेटवर्क से जुड़े हुए हैं। पुलिस इस संबंध में गिरफ्तार दोनों लोगों से लगातार पूछताछ कर रही है। बरामद बम को बॉम्ब स्क्वाड ने सुरक्षित कब्जे में ले लिया है। आगे की जांच में तकनीकी रिपोर्ट भी महत्वपूर्ण हो सकती है।
पुलिस की कार्रवाई के बाद इलाके में बढ़ी सतर्कता
अगमकुआं थाना क्षेत्र में हुई इस कार्रवाई के बाद पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। शीतला माता मंदिर ओवरब्रिज के नीचे से बम और कारतूस बरामद होने के कारण मामला सामान्य हथियार बरामदगी से आगे बढ़ गया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि संदिग्धों का उद्देश्य क्या था और वे बरामद सामान का इस्तेमाल किस काम के लिए करने वाले थे। हालांकि, इस संबंध में अभी पुलिस की ओर से कोई अंतिम जानकारी सामने नहीं आई है। फिलहाल दोनों संदिग्ध पुलिस हिरासत में हैं और उनसे पूछताछ जारी है। जांच पूरी होने के बाद ही मामले से जुड़े अन्य तथ्यों का खुलासा हो सकेगा।