BNT Desk: बिहार के मुजफ्फरपुर जिले से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां एक पति अपनी लापता पत्नी को तलाशने की मांग को लेकर इस कदर परेशान हो गया कि उसने पुलिस थाने के सामने जमकर हंगामा किया। युवक के इस हाई-वोल्टेज ड्रामे के कारण न सिर्फ सड़क पर लंबा जाम लग गया, बल्कि एक बड़ी एक्सप्रेस ट्रेन को भी रेलवे स्टेशन पर ही रोकना पड़ा। आइए जानते हैं क्या है यह पूरा मामला और क्यों इस पति को ऐसा कदम उठाना पड़ा।
थाने के सामने सड़क पर लेटा पति
यह पूरी घटना मुजफ्फरपुर जिले के सकरा थाना क्षेत्र की है। रेपुरा गांव के रहने वाले सानंद कुमार उर्फ भोला की पत्नी पिछले काफी समय से लापता है। पुलिस द्वारा कोई ठोस कार्रवाई न होने से नाराज होकर भोला मंगलवार को सकरा थाने के गेट पर पहुंच गया। वहां उसने जोर-जोर से हंगामा करना शुरू कर दिया।
बात सिर्फ नारेबाजी तक ही सीमित नहीं रही। गुस्से और हताशा में युवक बीच सड़क पर ही लेट गया। उसने कई बार अपने गले में गमछा बांधकर आत्महत्या करने की कोशिश भी की। युवक को इस तरह बीच सड़क पर ड्रामा करते देख वहां स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई, जिससे यातायात पूरी तरह ठप हो गया।
सड़क जाम से ठप हुआ रेलवे फाटक
युवक के सड़क पर लेटने के कारण थाने के पास स्थित रेलवे गुमटी (फाटक) पर वाहनों की लंबी कतार लग गई। जाम इतना भीषण था कि रेलवे कर्मियों के लिए चाहकर भी रेलवे फाटक को बंद करना नामुमकिन हो गया।
इसी दौरान वहां से बरौनी-गोंदिया एक्सप्रेस ट्रेन को गुजरना था। फाटक बंद न होने की स्थिति में सुरक्षा को देखते हुए रेलवे प्रशासन ने आनन-फानन में ट्रेन को ढोली स्टेशन पर ही रोक दिया।
आधे घंटे की मशक्कत के बाद खुला जाम
घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस और रेलवे सुरक्षा बल (RPF) की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिसकर्मियों ने काफी मशक्कत की और युवक को समझा-बुझाकर सड़क से हटाया। करीब आधे घंटे के बाद सड़क से जाम पूरी तरह समाप्त हो सका। इसके बाद रेलवे फाटक को बंद किया गया और बरौनी-गोंदिया एक्सप्रेस को मुजफ्फरपुर जंक्शन के लिए रवाना किया गया। इस हंगामे की वजह से ट्रेन करीब 15 मिनट तक स्टेशन पर खड़ी रही।
पति का आरोप: ‘एक साल से लापता है पत्नी, पुलिस नहीं कर रही तलाश’
हंगामा कर रहे पीड़ित पति सानंद कुमार उर्फ भोला ने अपनी आपबीती सुनाते हुए पुलिस पर लापरवाही के गंभीर आरोप लगाए। भोला ने बताया कि उसकी पत्नी शोभा देवी अप्रैल 2025 में अपने बच्चे को साथ लेकर घर से निकली थी, जिसके बाद वह कभी वापस नहीं लौटी।
भोला का कहना है कि उसने इस मामले को लेकर सकरा थाने में पत्नी और बच्चे के अपहरण का मुकदमा दर्ज कराया था। उसका आरोप है कि इस घटना को एक साल से ज्यादा का समय बीत चुका है, लेकिन पुलिस आज तक उसकी पत्नी और बच्चे को ढूंढने में नाकाम रही है। इसी लाचारी और गुस्से में आकर उसने यह कदम उठाया।
पुलिस का यू-टर्न: ‘अपहरण की कहानी झूठी, पत्नी ने खुद रहने से किया इनकार’
जब इस पूरे हाई-वोल्टेज ड्रामे को लेकर सकरा के थानाध्यक्ष (थाना प्रभारी) कमलेश कुमार से बात की गई, तो कहानी में एक नया और हैरान कर देने वाला मोड़ सामने आया। पुलिस ने पति के दावों को पूरी तरह से खारिज कर दिया।
थानाध्यक्ष ने बताया कि युवक ने अपनी पत्नी और बच्चे के अपहरण का केस जरूर दर्ज कराया था, लेकिन जब पुलिस ने इस मामले की जांच की तो सच्चाई कुछ और ही निकली।
दिल्ली की कोर्ट में चल रहा है मामला
पुलिस के मुताबिक, लापता महिला (शोभा देवी) असल में दिल्ली में रह रही है और उसने दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट में अपने पति भोला के खिलाफ महिला उत्पीड़न (घरेलू हिंसा) का मुकदमा दर्ज कराया हुआ है।
थाना प्रभारी ने स्पष्ट किया कि जब बिहार पुलिस की टीम महिला के पास जांच के लिए पहुंची, तो महिला ने अपहरण की बात को पूरी तरह से झूठा बताया। उसने साफ शब्दों में अपने पति के साथ वापस रहने से इनकार कर दिया। चूंकि यह पूरा मामला अभी अदालत में लंबित (पेंडिंग) है, इसलिए पुलिस कानूनी तौर पर महिला को जबरदस्ती उसके पति के पास वापस नहीं ला सकती।