भारत और एशिया के सबसे बड़े उद्योगपति मुकेश अंबानी की कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (RIL) को जीएसटी विभाग की ओर से 56.44 करोड़ रुपये का जुर्माना भरने का आदेश दिया गया है। यह आदेश अहमदाबाद के ज्वाइंट कमिश्नर, CGST द्वारा 25 नवंबर को जारी किया गया।
रिलायंस ने इस मामले की जानकारी स्टॉक एक्सचेंज को दी। कंपनी ने कहा कि आदेश इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) को ‘ब्लॉक्ड क्रेडिट’ मानते हुए दिया गया है। ब्लॉक्ड क्रेडिट वह स्थिति होती है, जिसमें टैक्स का लाभ नहीं लिया जा सकता। कंपनी का कहना है कि यह फैसला इस बात पर ध्यान दिए बिना दिया गया कि सर्विस प्रोवाइडर ने सेवाओं को कैसे वर्गीकृत (क्लासीफाई) किया था।
रिलायंस ने बताया कि यह आदेश उसे 27 नवंबर सुबह 11:04 बजे ईमेल के जरिए प्राप्त हुआ। यह जुर्माना सेंट्रल गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स एक्ट, 2017 और गुजरात गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स, 2017 की धारा 74 के तहत लगाया गया है। कंपनी ने कहा कि वह इस आदेश के खिलाफ अपील करेगी।
रिलायंस इंडस्ट्रीज ने यह भी स्पष्ट किया है कि इस जुर्माने का कंपनी के कारोबार, प्रोजेक्ट्स या भविष्य की बिज़नेस योजनाओं पर कोई असर नहीं पड़ेगा। वित्तीय प्रभाव सिर्फ जुर्माने की राशि तक सीमित रहेगा।
जुर्माने के बाद भी कंपनी के शेयरों पर ज्यादा नकारात्मक असर नहीं दिखा। शेयर मार्केट में RIL का प्रदर्शन मजबूत बना हुआ है। हाल ही में रिलायंस का शेयर 52-हफ्ते के उच्च स्तर पर पहुंचा था।
शुक्रवार को शेयर थोड़ी गिरावट के साथ खुला, लेकिन तेजी से रिकवरी कर गया। सुबह 10:10 बजे बीएसई पर रिलायंस का शेयर 0.91% की बढ़त के साथ 1577.85 रुपये पर ट्रेड कर रहा था। पिछला क्लोजिंग 1563.55 रुपये था, और आज 1568 रुपये पर खुला। शुरुआती कारोबार में शेयर 1562.35 रुपये लो और 1579 रुपये हाई तक गया।