BNT Desk: राजधानी पटना में अपराधियों के बेखौफ हौसले थमने का नाम नहीं ले रहे हैं। ताजा मामला खगौल थाना क्षेत्र का है, जहां बुधवार को दिनदहाड़े सशस्त्र अपराधियों ने एक युवक को निशाना बनाते हुए फायरिंग कर दी। इस जानलेवा हमले में युवक गंभीर रूप से घायल हो गया है। भीड़भाड़ वाले इलाके में हुई इस वारदात ने शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
राम जानकी मंदिर के पास घात लगाकर हमला
यह पूरी वारदात खगौल थाना क्षेत्र के व्यस्त राम जानकी मंदिर के पास हुई। घायल युवक की पहचान बक्सर निवासी इंद्रदेव प्रसाद (कुछ सूत्रों के अनुसार इंद्रजीत) के रूप में की गई है। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि इंद्रदेव किसी काम से वहां खड़े थे, तभी पहले से घात लगाए अपराधियों ने उन पर हमला बोल दिया।
अपराधियों ने बिना किसी चेतावनी के इंद्रदेव पर गोली चला दी। गोली सीधे उनकी गर्दन में जा लगी, जिससे वे खून से लथपथ होकर वहीं गिर पड़े। वारदात को अंजाम देने के बाद अपराधी मौके से फरार होने में सफल रहे।
मौके पर मची अफरा-तफरी, अस्पताल में जंग
फायरिंग की आवाज से पूरा इलाका दहल उठा। मंदिर के पास मौजूद श्रद्धालुओं और स्थानीय दुकानदारों के बीच भगदड़ मच गई। हालांकि, कुछ स्थानीय लोगों ने साहस दिखाया और घायल इंद्रदेव को तुरंत पास के अस्पताल पहुंचाया।
अस्पताल से अपडेट: अस्पताल के सूत्रों के मुताबिक, इंद्रदेव की हालत अत्यंत नाजुक बनी हुई है। गोली गर्दन के संवेदनशील हिस्से में लगी है, जिससे काफी अधिक खून बह चुका है। डॉक्टरों की एक विशेष टीम उनकी जान बचाने की कोशिश कर रही है और फिलहाल उन्हें ICU में रखा गया है।
आपसी विवाद या पैसों का लेन-देन?
घटना की सूचना मिलते ही खगौल थाना पुलिस दलबल के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस की प्रारंभिक जांच में कुछ अहम सुराग हाथ लगे हैं।
-
लेन-देन का विवाद: प्राथमिक जांच में यह बात सामने आई है कि इंद्रदेव का कुछ लोगों के साथ पैसों के लेन-देन को लेकर पुराना विवाद चल रहा था।
-
टारगेट किलिंग: जिस तरह से अपराधियों ने भीड़ के बीच सिर्फ इंद्रदेव को निशाना बनाया, उससे यह स्पष्ट है कि वे पहले से उनकी रेकी कर रहे थे और उनकी हत्या के इरादे से ही आए थे।
पुलिस की कार्रवाई
पटना पुलिस इस मामले को सुलझाने के लिए ‘एक्शन मोड’ में है। थाना प्रभारी ने बताया कि अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए एक विशेष टीम का गठन किया गया है।
-
पुलिस घटनास्थल के आसपास लगे सभी CCTV कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि अपराधियों के भागने के रास्ते और उनकी पहचान का पता लगाया जा सके।
-
पुलिस उन लोगों की भी सूची तैयार कर रही है जिनसे पीड़ित का विवाद चल रहा था। संदिग्धों से पूछताछ के लिए छापेमारी शुरू कर दी गई है।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
दिनदहाड़े और मंदिर जैसे सार्वजनिक स्थल पर हुई इस घटना ने आम जनता के मन में डर पैदा कर दिया है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि अपराधियों में अब पुलिस का खौफ नहीं रह गया है।
“अगर व्यस्त बाजारों और मंदिरों के पास भी लोग सुरक्षित नहीं हैं, तो फिर कहां सुरक्षित रहेंगे? पुलिस गश्त को और अधिक प्रभावी बनाने की जरूरत है।” – एक स्थानीय निवासी
क्या कहते हैं अधिकारी?
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामला दर्ज कर लिया गया है और वे जल्द ही दोषियों को सलाखों के पीछे भेजेंगे। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या इस हमले के पीछे कोई बड़ा आपराधिक गिरोह शामिल है या यह केवल व्यक्तिगत रंजिश का परिणाम है।