BNT Desk: बिहार विधानसभा के सदस्यों और पूर्व सदस्यों को मिलने वाली सुविधाओं को और आसान बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। बिहार विधानसभा के अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने माननीय सदस्यों एवं पूर्व सदस्यों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मोबाइल ऐप आधारित ‘सिंगल विंडो सिस्टम’ विकसित करने का निर्देश दिया है। इस संबंध में उन्होंने विधानसभा के प्रभारी सचिव संजय कुमार सिंह को आवश्यक कार्रवाई शुरू करने के निर्देश दिए हैं।
एक ही मोबाइल ऐप पर मिलेंगी कई सुविधाएं
अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने कहा कि ऐसा मोबाइल ऐप तैयार किया जाए, जिसके जरिए विधानसभा के वर्तमान और पूर्व सदस्यों को विभिन्न सुविधाओं, सेवाओं और जरूरी जानकारियों की उपलब्धता एक ही प्लेटफॉर्म पर हो सके। इससे अलग-अलग सुविधाओं के लिए कार्यालयों के चक्कर लगाने या अलग-अलग माध्यमों से जानकारी लेने की जरूरत कम होगी।
प्रस्तावित मोबाइल ऐप को विधानसभा सचिवालय की सेवाओं को डिजिटल और अधिक व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से तैयार किया जाएगा। सदस्यों को उनकी जरूरत से जुड़ी सुविधाओं और सेवाओं की जानकारी एक ही जगह पर उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जाएगी।
यात्रा और दैनिक भत्ता से जुड़ी जानकारी भी मिलेगी
मोबाइल ऐप के जरिए सदस्यों और पूर्व सदस्यों को यात्रा भत्ता और दैनिक भत्ता से संबंधित सुविधाएं उपलब्ध कराने की योजना है। इसके अलावा इन सुविधाओं से जुड़े आवेदन और उनकी स्थिति की जानकारी भी डिजिटल माध्यम से हासिल की जा सकेगी।
इससे सदस्यों को यह जानने में आसानी होगी कि उनके आवेदन या संबंधित सुविधा की प्रक्रिया किस स्थिति में है। पूरी प्रक्रिया को एक ही डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ने का उद्देश्य व्यवस्था को अधिक सुविधाजनक बनाना है।
चिकित्सा प्रतिपूर्ति और अतिथि निवास की सुविधा
प्रस्तावित ऐप में चिकित्सा प्रतिपूर्ति से संबंधित सुविधाओं को भी शामिल किया जाएगा। सदस्य और पूर्व सदस्य चिकित्सा संबंधी प्रतिपूर्ति के लिए जरूरी जानकारी और आवेदन की स्थिति मोबाइल ऐप के माध्यम से देख सकेंगे।
इसके साथ ही अतिथि निवास की सुविधा को भी ऐप से जोड़ने की योजना है। इससे अतिथि निवास से जुड़ी आवश्यक जानकारी और सुविधा की उपलब्धता के बारे में सदस्यों को डिजिटल माध्यम से जानकारी मिल सकेगी।
सुविधाओं की अद्यतन स्थिति भी मोबाइल पर
मोबाइल ऐप आधारित व्यवस्था का एक अहम उद्देश्य यह है कि सदस्यों को अपनी सुविधाओं और सेवाओं की अद्यतन स्थिति की जानकारी आसानी से मिल सके। यानी किसी सुविधा या आवेदन से संबंधित प्रक्रिया कहां तक पहुंची है, इसकी जानकारी मोबाइल के जरिए प्राप्त की जा सकेगी।
इस व्यवस्था से सूचना प्राप्त करने की प्रक्रिया अधिक तेज और सरल होने की उम्मीद है। विधानसभा सचिवालय की ओर से उपलब्ध कराई जाने वाली विभिन्न सेवाओं को एक प्लेटफॉर्म पर लाने से कामकाज में भी सुविधा हो सकती है।
व्हाट्सऐप और मैसेज से भी मिलेगी जरूरी सूचना
सिर्फ मोबाइल ऐप ही नहीं, बल्कि विधानसभा सचिवालय की ओर से व्हाट्सऐप और मैसेज के माध्यम से भी सदस्यों और पूर्व सदस्यों को जरूरी जानकारियां उपलब्ध कराई जाएंगी। इससे महत्वपूर्ण सूचनाओं को समय पर संबंधित लोगों तक पहुंचाने में मदद मिलेगी।
इस डिजिटल व्यवस्था के तहत सदस्यों को जरूरी जानकारी के लिए बार-बार सचिवालय से संपर्क करने की आवश्यकता कम हो सकती है। ऐप और मैसेजिंग सुविधा के जरिए सूचना सीधे मोबाइल फोन तक पहुंचाने की व्यवस्था की जाएगी।
तकनीक से व्यवस्था को सरल और पारदर्शी बनाने पर जोर
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. प्रेम कुमार ने कहा कि तकनीक के प्रभावी इस्तेमाल से विधानसभा सचिवालय की सेवाओं को सरल, पारदर्शी और सदस्य-केंद्रित बनाया जाएगा। उनका जोर ऐसी व्यवस्था विकसित करने पर है, जिससे सदस्यों को सुविधाएं प्राप्त करने में कम से कम परेशानी हो और उन्हें जरूरी जानकारी समय पर मिल सके।
सिंगल विंडो सिस्टम के जरिए अलग-अलग सेवाओं को एक प्लेटफॉर्म से जोड़ने की कोशिश की जा रही है। इससे डिजिटल माध्यम से सेवाओं की निगरानी और जानकारी उपलब्ध कराने की प्रक्रिया को भी बेहतर किया जा सकेगा।
प्रभारी सचिव ने शुरू की कार्रवाई
अध्यक्ष के निर्देश के बाद विधानसभा के प्रभारी सचिव संजय कुमार सिंह ने इस दिशा में तत्काल आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है। अब मोबाइल ऐप और सिंगल विंडो सिस्टम को विकसित करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।
यह पहल पूरी तरह लागू होने के बाद बिहार विधानसभा के वर्तमान और पूर्व सदस्यों के लिए यात्रा एवं दैनिक भत्ता, चिकित्सा प्रतिपूर्ति, अतिथि निवास और अन्य जरूरी सुविधाओं से जुड़ी सेवाएं एक ही डिजिटल प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराने में मदद कर सकती है। हालांकि ऐप कब तक तैयार होकर पूरी तरह चालू होगा, इसकी जानकारी इस सूचना में नहीं दी गई है।