BNT Desk: भारत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए छठी बार अंडर-19 वर्ल्ड कप का खिताब जीत लिया। शुक्रवार को खेले गए फाइनल मुकाबले में भारत ने इंग्लैंड को 100 रनों से हराया। हरारे स्पोर्ट्स क्लब में खेले गए मैच में भारतीय टीम ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया और 50 ओवर में 9 विकेट पर 411 रन का बड़ा स्कोर खड़ा किया।
वैभव सूर्यवंशी की ऐतिहासिक पारी
इस जीत के हीरो रहे 14 साल के वैभव सूर्यवंशी। उन्होंने सिर्फ 80 गेंदों में 175 रन की तूफानी पारी खेली। इस दौरान उन्होंने 15 चौके और 15 छक्के लगाए। उनकी स्ट्राइक रेट 218.75 रही। खास बात यह रही कि उन्होंने 150 रन सिर्फ बाउंड्री से बनाए। वैभव ने सिर्फ 55 गेंदों में शतक पूरा किया, जो टूर्नामेंट इतिहास का दूसरा सबसे तेज शतक है। यह अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल में किसी खिलाड़ी का सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर भी है। कप्तान आयुष म्हात्रे ने भी 53 रन का अहम योगदान दिया।
इंग्लैंड की कोशिश रही नाकाम
412 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी इंग्लैंड टीम अच्छी शुरुआत के बावजूद 40.2 ओवर में 311 रन पर ऑलआउट हो गई। इंग्लैंड के लिए कालेब फॉल्कनर ने 67 गेंदों पर 115 रन बनाए, जबकि बेन डॉकिन्स ने 56 गेंदों पर 66 रन की पारी खेली। भारत की ओर से आरएस अंबरीश ने 3 विकेट लिए, जबकि दीपेश देवेन्द्रन और कनिष्क चौहान को 2-2 विकेट मिले।
कोच ने की जमकर तारीफ
वैभव के बचपन के कोच मनीष ओझा ने कहा कि वैभव का खेल बड़े खिलाड़ियों जैसा है। उन्होंने बताया कि 15 छक्के और 15 चौके लगाना आसान नहीं होता, लेकिन वैभव ने आत्मविश्वास और आक्रामक सोच के साथ यह कर दिखाया।
देश के लिए गर्व का पल
इस जीत के साथ भारत ने फिर से दुनिया में अपनी ताकत दिखाई। वैभव सूर्यवंशी को ‘प्लेयर ऑफ द फाइनल’ और ‘प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट’ चुना गया। यह जीत बिहार और पूरे भारत के लिए गर्व का पल है।