BNT Desk: मधेपुरा से इस वक्त बड़ी और बेहद चिंताजनक खबर है। जहाँ इलाज की जगह अस्पताल जंग का मैदान बन गया। मधेपुरा जननायक कर्पूरी ठाकुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल में एक मरीज की मौत के बाद डॉक्टर पर जानलेवा हमला किया गया। ड्यूटी पर तैनात उपाधीक्षक डॉक्टर को दौड़ा-दौड़ा कर पीटा गया। घटना के बाद पूरा मेडिकल कॉलेज पुलिस छावनी में तब्दील हो गया है और इमरजेंसी सेवाएं ठप हैं।
मरीज और परिजनों की स्थिति
मधेपुरा के सिंहेश्वर थाना क्षेत्र अंतर्गत जननायक कर्पूरी ठाकुर मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में गुरुवार को उस वक्त अफरातफरी मच गई, जब इलाज के दौरान एक मरीज की मौत के बाद परिजनों ने इलाज कर रहे डॉक्टर सह उपाधीक्षक के साथ जमकर मारपीट की। इस घटना में उपाधीक्षक डॉक्टर अंजनी कुमार गंभीर रूप से घायल हो गए। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मुरलीगंज के हरिपुर कला वार्ड संख्या छह निवासी सुनील यादव को 15–20 लोगों द्वारा आपातकालीन विभाग में लाया गया था। मरीज अचेत अवस्था में था और डॉक्टरों द्वारा तत्काल इलाज शुरू किया गया।
हंगामा और अस्पताल का माहौल
मौत की खबर सुनते ही परिजन उग्र हो गए और डॉक्टर अंजनी कुमार के साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी। हालात इतने बिगड़ गए कि उपाधीक्षक को अस्पताल के ब्लॉक पांच तक दौड़ा-दौड़ा कर पीटा गया। स्थानीय लोगों और अन्य डॉक्टरों के हस्तक्षेप से किसी तरह उन्हें बचाया गया। डॉक्टरों का कहना है कि मरीज का ब्लड प्रेशर अत्यधिक बढ़ा हुआ था और उसकी हालत गंभीर थी। वहीं परिजनों ने गलत इलाज का आरोप लगाते हुए मौत के लिए डॉक्टरों को जिम्मेदार ठहराया।
पुलिस हस्तक्षेप और आपातकालीन सेवाओं पर असर
घटना की जानकारी मिलते ही जूनियर डॉक्टर भड़क उठे और मारपीट में शामिल एक युवक को पकड़कर उसकी भी पिटाई कर दी, जिससे वह घायल हो गया। स्थिति बेकाबू होने पर भारी पुलिस बल अस्पताल पहुंचा और हालात को नियंत्रित किया। मृतक का शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया, जबकि घायलों को अन्य अस्पतालों में भर्ती कराया गया। घटना के बाद से आपातकालीन सेवा ठप हो गई है। डॉक्टरों ने उचित कार्रवाई की मांग करते हुए इलाज बंद कर दिया है, जिससे दूर-दराज से आए मरीजों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। फिलहाल मेडिकल कॉलेज को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया है।