BNT Desk: जापान में एशियन पैरा गेम्स के दौरान भारतीय पैरा तैराक मोहम्मद शम्स आलम शेख कथित यौन उत्पीड़न के आरोपों को लेकर विवादों में घिर गए हैं। 40 वर्षीय खिलाड़ी पर एक महिला होटल कर्मचारी के साथ कथित छेड़छाड़ और जबरदस्ती करने की कोशिश के आरोप लगे हैं। मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, महिला की शिकायत के बाद जापानी पुलिस ने उन्हें हिरासत में लिया था। इसके बाद 20 अक्टूबर को उन्हें नागोया से भारत वापस भेज दिया गया।
इस घटनाक्रम के बाद पैरालंपिक कमेटी ऑफ इंडिया (PCI) की संभावित अनुशासनात्मक कार्रवाई भी चर्चा में है। रिपोर्टों के अनुसार, कमेटी शम्स आलम शेख पर आजीवन प्रतिबंध लगाने के विकल्प पर विचार कर रही है। हालांकि, इस संबंध में अंतिम निर्णय की आधिकारिक घोषणा होने की जानकारी सामने नहीं आई है।
होटल में महिला कर्मचारी के साथ कथित छेड़छाड़ का आरोप
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, यह घटना 19 अक्टूबर को हुई। आरोप है कि शम्स आलम शेख ने होटल के हाउसकीपिंग विभाग में काम करने वाली एक महिला कर्मचारी को अनुचित तरीके से छुआ, अश्लील इशारे किए और उसके साथ जबरदस्ती करने की कोशिश की।
महिला कर्मचारी की शिकायत के बाद मामला जापानी पुलिस तक पहुंचा। रिपोर्टों के मुताबिक, पुलिस होटल पहुंची और खिलाड़ी को हिरासत में लेकर पुलिस स्टेशन ले गई। उस समय होटल के अधिकारी भी वहां मौजूद थे।
बताया गया है कि घटना की जानकारी स्थानीय आयोजन समिति ने भारतीय दल के चीफ-डी-मिशन को दी थी। हालांकि, आरोपों से जुड़े सभी तथ्यों और घटना के पूरे घटनाक्रम की स्वतंत्र आधिकारिक पुष्टि अभी स्पष्ट नहीं है।
गिरफ्तारी और कानूनी कार्रवाई को लेकर उठे सवाल
द टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, जापानी पुलिस ने मामले में गिरफ्तारी और आरोपी को अदालत के समक्ष पेश करने की मांग की थी। इसके बाद स्थानीय आयोजन समिति ने हस्तक्षेप किया।
हालांकि, उपलब्ध रिपोर्ट में यह स्पष्ट नहीं है कि मामले में अदालत के सामने कोई औपचारिक कार्यवाही हुई थी या नहीं। इसलिए जापान में इस मामले की कानूनी स्थिति को लेकर अंतिम निष्कर्ष निकालना अभी उचित नहीं होगा।
रिपोर्ट के मुताबिक, भारतीय दल के अधिकारियों को घटना की जानकारी मिलने के बाद मामले को संभालने के लिए कदम उठाए गए। इसमें महिला कर्मचारी को लिखित माफी देने और खिलाड़ी को जापान से वापस भेजने की व्यवस्था करने की बात भी सामने आई है।
दूसरे होटल में ठहराया गया, फिर भारत भेजे गए
रिपोर्ट में एक अधिकारी के हवाले से बताया गया कि शम्स आलम शेख को रात बिताने के लिए दूसरे होटल में भेजा गया था। इसके बाद 20 अक्टूबर को उन्हें नागोया से भारत रवाना कर दिया गया।
इस घटनाक्रम के सामने आने के बाद भारतीय पैरा खेल जगत में मामला चर्चा का विषय बन गया है। हालांकि, खिलाड़ी को भारत भेजे जाने की कार्रवाई और जापान में हुई कथित पुलिस कार्रवाई के बीच की पूरी प्रक्रिया को लेकर विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।
PCI लगा सकती है आजीवन प्रतिबंध
इस मामले में पैरालंपिक कमेटी ऑफ इंडिया की संभावित कार्रवाई पर भी नजरें टिकी हैं। द टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, PCI मोहम्मद शम्स आलम शेख पर आजीवन प्रतिबंध लगाने के विकल्प पर विचार कर रही है।
यदि कमेटी ऐसा फैसला लेती है, तो इसका खिलाड़ी के खेल करियर पर बड़ा असर पड़ सकता है। हालांकि, अभी आजीवन प्रतिबंध लगाए जाने के अंतिम निर्णय की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
कमेटी की ओर से संभावित अनुशासनात्मक कार्रवाई और उसके आधार के बारे में आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
आधिकारिक बयान और जांच के नतीजों का इंतजार
जापान में महिला होटल कर्मचारी की शिकायत से शुरू हुआ यह मामला अब भारतीय खेल प्रशासन तक पहुंच गया है। एक ओर आरोपों की गंभीरता और जापानी पुलिस की कथित कार्रवाई चर्चा में है, वहीं दूसरी ओर PCI के संभावित फैसले पर ध्यान दिया जा रहा है।
फिलहाल, आरोपों को स्थापित तथ्य मानने से पहले जांच और कानूनी प्रक्रिया की स्थिति स्पष्ट होना जरूरी है। मामले का अंतिम निष्कर्ष संबंधित अधिकारियों की पुष्टि, उपलब्ध साक्ष्यों और आधिकारिक फैसलों के आधार पर ही निकाला जा सकेगा।