BNT Desk: राजधानी पटना में रेल पुलिस ने वन्यजीव तस्करी के एक बड़े गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पटना जीआरपी (GRP) ने एक गुप्त सूचना के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए फरक्का एक्सप्रेस में छापेमारी की और भारी संख्या में कछुओं की खेप बरामद की है। इस ऑपरेशन के दौरान पुलिस ने 5 अंतरराज्यीय तस्करों को भी गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है।
गुप्त सूचना पर बिछाया गया जाल
जानकारी के अनुसार, रेल पुलिस को यह पक्की सूचना मिली थी कि फरक्का एक्सप्रेस (Farakka Express) के जरिए दुर्लभ प्रजाति के कछुओं की एक बड़ी खेप तस्करी कर ले जाई जा रही है। सूचना मिलते ही रेल पुलिस उपाधीक्षक श्री भास्कर रंजन के नेतृत्व में जीआरपी पटना की एक विशेष टीम गठित की गई। जैसे ही ट्रेन पटना स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में पहुंची, पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से कोच में छापेमारी शुरू कर दी।
88 कछुए और 5 तस्करों की गिरफ्तारी
सघन तलाशी के दौरान पुलिस ने ट्रेन के डिब्बों से कुल 88 कछुए बरामद किए। इन कछुओं को बोरियों और बैगों में बेहद अमानवीय तरीके से भरकर रखा गया था ताकि किसी को शक न हो। मौके से पुलिस ने 5 तस्करों को गिरफ्तार किया है, जो इस खेप को ठिकाने लगाने की फिराक में थे।
शुरुआती पूछताछ में पता चला है कि ये तस्कर इन कछुओं को ऊंचे दामों पर बेचने के लिए किसी दूसरे राज्य ले जा रहे थे। पुलिस अब इस गिरोह के मुख्य सरगना और इनके नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश में जुट गई है।
रेल पुलिस उपाधीक्षक के नेतृत्व में बड़ी सफलता
रेल पुलिस उपाधीक्षक श्री भास्कर रंजन ने इस कार्रवाई की पुष्टि करते हुए बताया कि जीआरपी की सतर्कता की वजह से इस तस्करी को समय रहते रोका जा सका। उन्होंने कहा, “हमें गुप्त सूचना मिली थी कि फरक्का एक्सप्रेस में तस्करी का सामान ले जाया जा रहा है। हमारी टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए न केवल कछुओं को सुरक्षित बचाया, बल्कि इसमें शामिल 5 लोगों को भी गिरफ्तार किया है।”
वन्यजीव तस्करी का बढ़ता नेटवर्क और खतरा
कछुओं की तस्करी मुख्य रूप से मांस, दवाइयों और अंधविश्वास के कारण की जाती है। भारत में वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत कछुओं का व्यापार या परिवहन करना एक गंभीर अपराध है। पटना रेल पुलिस की इस कार्रवाई से तस्करों के बीच हड़कंप मच गया है। बरामद किए गए कछुओं को वन विभाग को सौंपने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, ताकि उन्हें उनके प्राकृतिक आवास में वापस छोड़ा जा सके।
जीआरपी पटना की चौकसी ने टाला बड़ा अपराध
पटना जंक्शन और गुजरने वाली ट्रेनों में जीआरपी और आरपीएफ की सक्रियता लगातार बढ़ रही है। हाल के दिनों में शराब तस्करी और अब वन्यजीव तस्करी के खिलाफ मिली यह सफलता दिखाती है कि रेल पुलिस अपराधियों पर नकेल कसने के लिए पूरी तरह मुस्तैद है। गिरफ्तार तस्करों के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
जनता से सहयोग की अपील
रेल पुलिस ने यात्रियों से भी अपील की है कि यदि वे ट्रेन या स्टेशन परिसर में किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या लावारिस सामान को देखें, तो तुरंत पुलिस को सूचित करें। आपकी एक सूचना किसी बड़े अपराध को रोकने में मददगार साबित हो सकती है।