BNT Desk: देशभर के बैंक ग्राहकों के लिए अहम खबर है। बैंक कर्मचारियों और अधिकारियों की विभिन्न मांगों को लेकर 27 जनवरी को देशव्यापी हड़ताल का ऐलान किया गया है। इस हड़ताल का असर सरकारी, निजी और ग्रामीण बैंकों पर पड़ेगा, जिससे आम लोगों को कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।
24 से 27 जनवरी तक रहेगा असर
बैंक यूनियनों के अनुसार, हड़ताल के चलते 24 जनवरी से 27 जनवरी तक बैंक शाखाओं में कामकाज प्रभावित रहेगा। इन दिनों नकद जमा-निकासी, चेक क्लीयरेंस, ड्राफ्ट, पासबुक अपडेट और अन्य जरूरी बैंकिंग सेवाएं धीमी या बाधित हो सकती हैं। ग्राहकों को सलाह दी गई है कि वे अपने जरूरी बैंकिंग कार्य समय रहते निपटा लें।
क्या हैं बैंक यूनियनों की मांगें
बैंक यूनियनों की प्रमुख मांगों में पांच दिवसीय बैंकिंग सप्ताह लागू करना शामिल है। इसके अलावा कर्मचारियों की भर्ती, कार्यभार में कमी, वेतन और भत्तों से जुड़ी मांगें भी रखी गई हैं। यूनियनों का कहना है कि लगातार बढ़ते काम के दबाव के बावजूद कर्मचारियों की संख्या नहीं बढ़ाई जा रही है, जिससे कर्मचारियों पर अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है।
सरकार से जल्द निर्णय की अपील
बैंक यूनियनों ने केंद्र सरकार से मांगों पर जल्द सकारात्मक फैसला लेने की अपील की है। उनका कहना है कि अगर सरकार समय रहते बातचीत कर समाधान निकाल ले, तो हड़ताल को टाला जा सकता है। यूनियनों ने साफ किया है कि उनका उद्देश्य ग्राहकों को परेशान करना नहीं, बल्कि अपनी जायज मांगों की ओर सरकार का ध्यान खींचना है।
ग्राहकों के लिए जरूरी सलाह
बैंक हड़ताल के दौरान एटीएम सेवाएं सीमित रूप से उपलब्ध रह सकती हैं, हालांकि डिजिटल बैंकिंग सेवाएं जैसे नेट बैंकिंग, मोबाइल बैंकिंग और यूपीआई सामान्य रूप से चालू रहने की उम्मीद है। फिर भी ग्राहकों को सलाह दी जाती है कि वे नकद की व्यवस्था पहले से कर लें।