BNT Desk: महाराष्ट्र के नागपुर से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। शुक्रवार सुबह एक सोलर प्लांट में पानी की भारी-भरकम टंकी गिरने से बड़ा हादसा हो गया। इस दर्दनाक घटना में बिहार के रहने वाले 6 मजदूरों की मलबे में दबकर मौत हो गई है। मरने वालों में मुजफ्फरपुर जिले के करजा थाना क्षेत्र के दो नौजवान भी शामिल हैं। जैसे ही हादसे की खबर गांव पहुंची, परिवारों में चीख-पुकार मच गई और पूरे इलाके में मातम पसर गया है।
कैसे हुआ यह भयानक हादसा?
यह हादसा नागपुर के एमआईडीसी इलाके में स्थित ‘अवादा इलेक्ट्रो प्राइवेट लिमिटेड’ के कारखाने में हुआ। यहाँ एल्युमीनियम की पानी टंकियों की क्षमता की टेस्टिंग की जा रही थी। चश्मदीदों के मुताबिक, जैसे ही टंकी में पानी भरा गया, पानी के भारी दबाव के कारण टंकी जोरदार धमाके के साथ फट गई और उसका पूरा ढांचा नीचे काम कर रहे मजदूरों पर गिर गया। इस मलबे में दबकर 6 लोगों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया, जबकि 9 अन्य मजदूर गंभीर रूप से घायल हो गए हैं।
मुजफ्फरपुर के इन दो घरों के बुझ गए चिराग
मृतकों में मुजफ्फरपुर की गबसरा पंचायत के वार्ड नंबर 3 के रहने वाले 23 साल के सुधांशु कुमार और 25 साल के अजय कुमार शामिल हैं। सुधांशु यहाँ फीटर का काम करता था और अपने परिवार का सहारा था। वहीं, गांव का ही एक और युवक प्रकाश कुमार इस हादसे में गंभीर रूप से घायल है, जिसकी हालत नाजुक बताई जा रही है। पूर्व मुखिया हितलाल सहनी ने बताया कि ये सभी युवक रोजी-रोटी कमाने के लिए घर से दूर गए थे, लेकिन किसे पता था कि वहां मौत उनका इंतजार कर रही है।
राहत कार्य और मृतकों की पहचान
हादसे के बाद पुलिस, दमकल विभाग और आपदा प्रबंधन की टीमों ने तुरंत मौके पर पहुंचकर रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। पुलिस ने बताया कि मरने वालों की पहचान अरविंद ठाकुर (28), अशोक पटेल (42), अजय पासवान (26), सुधांशु कुमार सहनी (36), बुलेट इंद्रजीत साह (30) और शमीम अंसारी (42) के रूप में हुई है। फिलहाल महाराष्ट्र पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है कि आखिर इतनी बड़ी लापरवाही कैसे हुई।