बिहार की राजनीति एक बार फिर बयानबाज़ी के दौर में पहुंच गई है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव द्वारा नीतीश कुमार सरकार पर लगाए गए आरोपों के बाद लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख और केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने पलटवार किया है। तेजस्वी ने सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा था कि मौजूदा सरकार जनता की उम्मीदों पर खरी नहीं उतर पाई और शासन पूरी तरह विफल साबित हुआ है। इन आरोपों ने सियासी माहौल को और गरमा दिया।
चिराग का सीधा जवाब: जनाधार खो चुके हैं तेजस्वी
तेजस्वी यादव के बयान पर चिराग पासवान ने तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि ये आरोप उनकी राजनीतिक हताशा को दर्शाते हैं। चिराग ने कहा कि तेजस्वी अब उस जनाधार को खो चुके हैं, जो कभी उनके पास हुआ करता था। उन्होंने दावा किया कि जनता ने उन्हें नकार दिया है और इसी वजह से वे बार-बार सरकार पर अनर्गल आरोप लगा रहे हैं। चिराग के मुताबिक, तेजस्वी को पहले अपनी पार्टी की स्थिति पर आत्ममंथन करना चाहिए।
“नीतीश कुमार ने रिवाइव करा दिया वरना…”
चिराग पासवान ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का जिक्र करते हुए कहा कि अगर नीतीश कुमार ने समय पर राजनीतिक संतुलन नहीं साधा होता, तो हालात कुछ और ही होते। उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार ने बिहार की राजनीति को “रिवाइव” किया है। चिराग ने यह भी इशारों में कहा कि विपक्ष केवल बयानबाज़ी तक सीमित रह गया है, जबकि सत्ता पक्ष विकास और स्थिरता की बात कर रहा है।
सौ दिन नहीं, पांच साल की सोच की नसीहत
चिराग ने तेजस्वी यादव को नसीहत देते हुए कहा कि सौ दिन की बात करना बंद करें और पांच साल की सोच रखें। उन्होंने कहा कि जनता अब खोखले वादों से नहीं, बल्कि लंबे समय की नीति और काम से प्रभावित होती है। चिराग के इस बयान को आने वाले समय में बिहार की राजनीति में बड़ी सियासी जंग का संकेत माना जा रहा है।