BNT Desk: बिहार के जमुई जिले के झाझा थाना क्षेत्र से एक हैरान करने वाली खबर सामने आई है। यहाँ राजला गांव में खुशियां बांटने और बधाई मांगने गए किन्नरों के साथ न केवल छेड़छाड़ की गई, बल्कि उनके साथ मारपीट भी हुई। बताया जा रहा है कि गांव का ही एक युवक शराब के नशे में धुत था और उसने किन्नरों के साथ सरेआम गलत हरकतें शुरू कर दीं। जब किन्नरों ने इसका विरोध किया, तो आरोपी ने आव देखा न ताव और हाथ में रखी कुल्हाड़ी से उन पर हमला कर दिया। इस हमले में कुछ लोग बाल-बाल बचे, जिससे इलाके में सनसनी फैल गई।
बार-बार फोन करने पर भी नहीं पहुंची डायल 112
इस पूरी घटना में सबसे चौंकाने वाली बात पुलिस का रवैया रही। पीड़ित किन्नरों का आरोप है कि घटना के तुरंत बाद उन्होंने मदद के लिए ‘डायल 112’ पर कई बार कॉल किया। उन्हें उम्मीद थी कि पुलिस आएगी और उन्हें सुरक्षा देगी, लेकिन घंटों इंतजार के बाद भी मौके पर कोई पुलिसकर्मी नहीं पहुंचा। पुलिस की इसी लापरवाही ने किन्नरों के गुस्से को और भड़का दिया। पीड़ितों का कहना है कि अगर समय रहते पुलिस आ जाती, तो मामला इतना नहीं बढ़ता और आरोपी पकड़ा जाता।
थाने में एसपी के सामने घंटों हंगामा
पुलिस की बेरुखी से नाराज होकर दर्जनों की संख्या में किन्नर झाझा थाना पहुंच गए। इत्तेफाक से उस वक्त एसपी भी थाने में ही मौजूद थे। पुलिस की ढिलाई देख किन्नरों ने थाने के घेराव कर दिया और घंटों हंगामा काटा। किन्नरों का साफ कहना था कि समाज में उनकी सुरक्षा का कोई ख्याल नहीं रखा जा रहा है। उन्होंने पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की और मांग की कि आरोपी युवक को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर जेल भेजा जाए।
आंदोलन की दी बड़ी चेतावनी
काफी देर तक चले हंगामे के बाद पुलिस अधिकारियों ने उन्हें शांत कराने की कोशिश की। पीड़ित किन्नरों ने दो टूक शब्दों में चेतावनी दी है कि यदि पुलिस ने इस मामले में ढिलाई बरती या आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया, तो वे चुप नहीं बैठेंगे। उन्होंने कहा कि न्याय न मिलने की स्थिति में वे सड़क पर उतरकर उग्र प्रदर्शन और धरना देने को मजबूर होंगे। फिलहाल पुलिस ने मामले की जांच और कार्रवाई का भरोसा दिया है, लेकिन इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है।