BNT Desk: शेयर बाजार में हाल के महीनों में सुर्खियों में रहा RRP Semiconductor Limited अब एक्सचेंज की सख्त नजर में आ गया है। कंपनी के शेयरों में असामान्य तेजी और संदिग्ध ट्रेडिंग पैटर्न को देखते हुए बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) ने इस पर कड़ी निगरानी शुरू कर दी है। निवेशकों को इस स्टॉक को लेकर सतर्क रहने की चेतावनी दी गई है, क्योंकि इसकी चाल सामान्य बाजार व्यवहार से अलग पाई गई है।
ASM और GSM फ्रेमवर्क के तहत एक्सचेंज की कार्रवाई
BSE ने RRP Semiconductor के शेयर को ASM (Additional Surveillance Measure) Long Term – Stage 1 के तहत रखा है, जबकि GSM (Graded Surveillance Measure) में इसे फिलहाल Stage 0 में रखा गया है। एक्सचेंज की वेबसाइट पर स्पष्ट रूप से लिखा गया है कि यह शेयर “निगरानी उपायों के कारण प्रतिबंधित व्यापार” की श्रेणी में है। इसका उद्देश्य निवेशकों को संभावित जोखिमों से बचाना है।
₹185 से ₹11,000 तक का चौंकाने वाला सफर
RRP Semiconductor के शेयरों ने बीते एक साल में करीब 5,881% का रिटर्न दिया है। शेयर की कीमत ₹185 से बढ़कर लगभग ₹11,094.95 तक पहुंच गई थी। हैरानी की बात यह है कि 10 सितंबर से 7 नवंबर के बीच 289 ट्रेडिंग सेशन्स में से 287 दिन शेयर हरे निशान में बंद हुआ, जो शेयर बाजार में बेहद असामान्य माना जाता है।
रेड फ्लैग्स और मौजूदा स्थिति
तेजी के बावजूद कंपनी के कई आंकड़े चिंता पैदा करते हैं। कंपनी में केवल 2 फुल-टाइम कर्मचारी हैं, जबकि 90% से ज्यादा हिस्सेदारी प्रमोटर राजेंद्र चोडणकर और उनके करीबी लोगों के पास है। रिटेल निवेशकों की संख्या सिर्फ 528 है, जिनकी हिस्सेदारी महज 1.12% है। कम ट्रेडिंग वॉल्यूम और ज्यादा प्रमोटर होल्डिंग से शेयर मैनिपुलेशन की आशंका जताई जा रही है। फिलहाल शेयर में हफ्ते में सिर्फ एक दिन ट्रेडिंग की अनुमति है और पिछले छह हफ्तों से यह लगातार 1% गिरावट के साथ बंद हो रहा है।