पटना/मुजफ्फरपुर। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम ने मुजफ्फरपुर जिले में अमरजीत राम की आत्महत्या को लेकर राज्य सरकार पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने कहा कि अमरजीत राम ने कर्ज और आर्थिक तंगी के कारण आत्महत्या की, जो सरकार की नाकामी को दर्शाता है। राजेश राम ने साफ शब्दों में कहा कि आज के समय में अगर किसी राज्य में कोई व्यक्ति भूख, कर्ज या मजबूरी के कारण जान दे रहा है, तो यह सरकार के लिए बड़ा सवाल है और इसकी नैतिक जिम्मेदारी सरकार की बनती है।
राजेश राम ने माइक्रो फाइनेंस कंपनियों पर भी निशाना साधते हुए कहा कि ये कंपनियां महिलाओं को कर्ज देकर उनका शोषण कर रही हैं। उन्होंने दावा किया कि राज्य में कई परिवार ऐसे हैं जो कर्ज के दबाव में अपने घरों में ताले लगाकर गायब हो चुके हैं। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने सरकार से मांग की कि वह तुरंत माइक्रो फाइनेंस कंपनियों पर सख्त लगाम लगाए। उन्होंने इसे सरकार के खिलाफ एक “बड़ा षड्यंत्र” भी बताया।
वहीं दूसरी ओर, नेशनल हेराल्ड मामले को लेकर भी राजेश राम ने केंद्र सरकार और बीजेपी पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि इस मामले में वर्षों पहले सोनिया गांधी और राहुल गांधी को ईडी ने समन जारी किया था, जिसका कांग्रेस लगातार विरोध करती रही। उनका दावा है कि यह केस पहले ही बंद हो चुका था, लेकिन बाद में एक निजी व्यक्ति ने देश और न्यायालय को गुमराह कर दोबारा मामले को उछाला।
राजेश राम ने आरोप लगाया कि बीजेपी दबाव बनाकर ईडी का गलत इस्तेमाल कर रही है। उन्होंने कहा कि बिना केस दर्ज किए ही बार-बार समन जारी किया गया, जो पूरी तरह गलत और निराधार है। उन्होंने यह भी कहा कि इस मामले में न्यायालय ने ईडी को फटकार लगाई और रिट याचिका को खारिज कर दिया, जिससे बीजेपी की मंशा उजागर हो गई है।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि पार्टी पहले से ही यह कहती आ रही है कि बीजेपी डराने और दबाव बनाने की राजनीति कर रही है, लेकिन अब बीजेपी पूरी तरह एक्सपोज हो चुकी है।
इन्हीं मुद्दों को लेकर कांग्रेस आज बड़ा प्रदर्शन करने जा रही है। राजेश राम ने बताया कि आयकर गोलंबर से बीजेपी कार्यालय तक कांग्रेस कार्यकर्ता प्रदर्शन करेंगे और केंद्र व राज्य सरकार की नीतियों के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद करेंगे।